पहली बार समाजवादी के बैठक में डिम्पल और अर्पणा यादव को मुलायम ने घर बुलाया। रामगोपाल को मुलायम ने घर में मिलने से किया इनकार।
मदन चौहान और अशोक चौहान से भी मिलने से किया इनकार।
अभिसके मिश्रा और सुनील साजन । लाठर सहित कई नेता अखिलेश के साथ घर पर अभी उनाव जायेंगे उसके बाद अखिलेश ले सकते हैं बड़ा निर्णय।
पार्टी की घोषणा या फिर अपनी सरकार को कर सकते हैं भंग।
अनीता सिंह को अखिलेश ने दिए आदेश जब तक मैं न कह किसी भी कागज पर मेरे बगैर कहे हसताकर नहीं।
चीफ सेकेट्री और dgp को भी कहाः की मेरे बगैर किसी को का आदेश न माना जाये।
लखनऊ: उत्तर प्रदेश में सत्तारूढ़ समाजवादी पार्टी (सपा) में जारी सियासी घमासान के बीच मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को वरिष्ठ मंत्री व सपा के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल यादव को मंत्रिमंडल से बाहर कर दिया। अखिलेश ने रविवार को ही पार्टी के विधायकों की एक बैठक बुलाई है। माना जा रहा है कि मुख्यमंत्री इसके जरिये अपने समर्थक विधायकों की थाह लेना चाहते हैं।
सूत्रों का कहना है कि इस कदम के पीछे अमर सिंह को लेकर अखिलेश की नाराजगी हो सकती है। वह अपनी सरकार में ऐसे किसी भी मंत्री को नहीं चाहते, जो अमर सिंह के समर्थक हों। इस ताजा घटनाक्रम को सपा के दो धड़ों में जारी टकराव को समाप्त करने के प्रयासों के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है। अखिलेश ने रविवार को ही पार्टी के विधायकों की बैठक अपने आधिकारिक आवास पर बुलाई है। सूत्रों के अनुसार, इसमें शिवपाल व उनके समर्थक विधायकों को नहीं बुलाया गया है। सूत्रों का यह भी कहना है कि यह पार्टी में किसी बड़े घटनाक्रम का संकेत है।